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  • The Victim’s Family Reached His Home Late At Night; Father Said Everyone Was Talking In English, He Could Not Understand Anything, But DM Sahib Got Scolded.

हाथरस34 मिनट पहले

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सोमवार को हाईकोर्ट में सुनवाई के बाद देर रात पीड़त परिवार हाथरस पहुंचा। इस दौरान सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे।

  • सोमवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ में हुई थी हाथरस गैंगरेप केस की सुनवाई
  • सुनवाई के दौरान यूपी के डीजीपी, अपर मुख्य सचिव और हाथरस के डीएम भी थे मौजूद

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से साढ़े 4 बजे चला पीड़ित परिवार लगभग 11 बजे के आसपास अपने गांव पहुंच गया। कड़ी सुरक्षा में वापस गांव पहुंचे परिवार को पहले से इंतजार कर रहे मीडियाकर्मियों ने घेर लिया। पीड़िता के पिता ने बातचीत में बताया कि कोर्ट में सब अंग्रेजी में बात कर रहे थे। इस दौरान कुछ समझ नहीं आया कि क्या हो रहा है। लेकिन इतना जरूर समझ में आया कि डीएम साहब को डांट पड़ी है। परिवार ने इस दौरान एक बार फिर साफतौर पर कहा कि जब तक हमें न्याय नहीं मिलेगा बिटिया की अस्थियां विसर्जित नहीं की जाएंगी।

एक घंटे तक चली कोर्ट
पीड़िता के पिता के मुताबिक कोर्ट में जज के सामने लगभग एक घण्टे तक सुनवाई चली है। कोर्ट ने हमसे अंतिम संस्कार को ही लेकर सवाल किया। जिसपर हमने अपनी आपबीती बताई। डीएम साहब ने कोर्ट से कहा कि हमारी मंजूरी ले ली थी लेकिन हमारे मना करने पर उन्हें डांटा भी गया। इसके बाद सब अधिकारी जज अंग्रेजी में बात कर रहे थे जो हमें समझ नहीं आया। हमसे जो पूछते वह हम बताते जाते थे। कोर्ट में डीएम एसपी सहित कई अधिकारी मौजूद रहे। हमारी वकील (सीमा कुशवाहा) से भी ज्यादा बात नहीं हुई है।

जब तक इंसाफ नही मिलेगा अस्थियां विसर्जित नही करूंगा
वहीं पीड़िता के भाई ने भी कोर्ट रूम की बाते बताई। सीबीआई जांच को लेकर भाई ने कहा कुछ भी हो लेकिन इंसाफ मिले। जब तक इंसाफ नहीं मिलेगा तब तक बहन की अस्थियां विसर्जित नहीं करूंगा।

परिवार के हर सदस्य के साथ था एक सिपाही
वहीं काफिले का नेतृत्व कर रही एसडीएम अंजली गंगवार ने बताया कि हमने गाड़ियों में सुबह बिस्किट, चिप्स और पानी पर्याप्त मात्रा में रख लिए थे जिसकी वजह से हमें रास्ते में रुकने की जरूरत नही पड़ी। जब हम लखनऊ पहुंचे तो उत्तराखंड भवन में परिवार को लंच भी कराया।

इसके बाद हाईकोर्ट में सुनवाई पूरी होने के बाद हम हाथरस के लिए निकल पड़े। इस दौरान हमने परिवार की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए परिवार के हर सदस्य के साथ एक सिपाही लगाया हुआ था। साथ में एस्कॉर्ट और इंस्पेक्टर रैंक के अधिकारी भी थे।

क्या है पूरा मामला?

हाथरस में 14 सितंबर को 4 लोगों ने कथित रूप से 19 साल की लड़की के साथ गैंगरेप किया था। यह भी आरोप है कि उसकी रीढ़ की हड्डी तोड़ दी और जीभ भी काट दी थी। दिल्ली में इलाज के दौरान 29 सितंबर को पीड़ित की मौत हो गई। चारों आरोपी गिरफ्तार कर लिए गए हैं। हालांकि, पुलिस का दावा है कि दुष्कर्म नहीं हुआ था।



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By Raj

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