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बलिया14 घंटे पहले

नाले में नाव के फंसने पर डीएम (बाएं से पहले) ने सिर पर उठाया।

  • शहर में जलजमाव की समस्या से निजात पाने के लिए कटहल नाले की हुई थी सफाई
  • कलहल नाला आगे जाकर गंगा नदी से जुड़ता है, अफसरों ने टूरिज्म की संभावनाएं भी तलाशी

उत्तर प्रदेश के बलिया शहर में स्थित कटहल नाले का डीएम एसपी शाही ने गुरुवार को निरीक्षण किया। लेकिन इस दौरान उनकी नाव जलकुंभी में फंस गई। इसके बाद डीएम ने नाव को कंधे पर उठाकर आगे ले जाने का निर्णय लिया तो सीडीओ और एसडीएम को भी उनके इस फैसले में हामी भरनी पड़ी। आखिरकार सभी ने नाव को कंधे पर उठाया और 100 मीटर आगे पानी में डालकर फिर आगे बढ़े। इस घटनाक्रम का वीडियो भी सामने आया है।

सफाई का काम देखने पहुंचे थे डीएम संग अन्य अफसर

बलिया शहर में जलजमाव की समस्या से निजात के लिए कटहल नाले में सफाई का काम किया गया है। गुरुवार को डीएम एसपी शाही व सीडीओ विपिन जैन एनडीआरएफ के जवानों के साथ जलमार्ग से भ्रमण करने पहुंचे। बांसडीह रोड क्षेत्र के छोड़हर से लेकर जीराबस्ती, बहादुरपुर, देवकली होते हुए परमन्दापुर तक गए। लेकिन, देवकली गांव के सामने पेड़ की डाल झुकने और उसके चलते भारी मात्रा में जलकुंभी फंसने के कारण नाव फंस गई।

नाव को सिर पर उठाकर आगे बढ़ते डीएम (दाएं से पहले) और अन्य।

नाव को सिर पर उठाकर आगे बढ़ते डीएम (दाएं से पहले) और अन्य।

नाव को ​खींचकर निकाला, फिर सिर पर उठा​कर बढ़े आगे

कटहल नाले में देवकली गांव के सामने काफी ज्यादा मात्रा में जलकुंभी लगी होने पर बहाव भी बाधित था। एकबारगी तो ऐसा लगा कि आगे बढ़ पाना मुश्किल होगा। लेकिन, डीएम ने कहा कि कुछ भी यहां से आगे भी जाएंगे। एनडीआरएफ ने सुझाव दिया कि यदि नाव को आगे पहुंचा दिया जाए तो भ्रमण नहीं रुकेगा। इसके बाद डीएम स्वयं नाव को बाहर निकालने के खींचने में जुट गए। इसके बाद सीडीओ विपिन जैन, एसडीएम सदर राजेश यादव व डिप्टी कलेक्टर सर्वेश यादव भी जुटे। एनडीआरएफ जवानों के साथ सभी अधिकारियों ने मिलकर नाव को खींचकर बाहर निकाला और फिर सिर पर उठाकर 100 मीटर तक ले गए। इसमें गांव के कुछ युवाओं ने भी काफी मेहनत की। वहां से आगे फिर पानी में नाव को डालकर आगे की यात्रा की गयी।

देवकली गांव में एनडीआरएफ के जवान।

देवकली गांव में एनडीआरएफ के जवान।

ग्रामीण की छत पर पहुंचे, नाले के रुके बहाव को देखा

नाव को निकालने के बाद डीएम देवकली गांव में परमात्मानंद ठाकुर के घर की छत पर पहुंचे। छत से नाले के रुके बहाव को देखा और नगर पालिका के ईओ को सफाई की जिम्मेदारी दी। यहां डीएम ने अफसरों के साथ चाय पर चर्चा की। डीएम की आमद पाकर गांव के प्रधान व अन्य लोग भी छत पर पहुंच गए। करीब आधे घंटे तक गांव के विकास पर चर्चा की गई।

ग्रामीण की छत पर चर्चा करते अफसर।

ग्रामीण की छत पर चर्चा करते अफसर।

अफसरों ने तलाशी टूरिज्म की संभावनाएं

डीएम एसपी शाही ने अफसरों के साथ टूरिज्म की संभावनाएं भी तलाशी। डीएम ने कहा कि, कटहल नाले के प्राकृतिक स्वरूप को बचाए रखने के साथ टूरिज्म की भी अपार संभावना है। वज​ह कि सुरहा ताल से गंगा नदी को यह नाला जोड़ता है। इसके दोनों तरफ पगडंडी बनाकर बोटिंग के माध्यम से इको टूरिज्म का प्रयास किया जा सकता है। हालांकि, इसके लिए बेहतर प्रोजेक्ट की आवश्यकता है, जिस पर पहल करने का प्रयास होगा।

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By Raj

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