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नई दिल्ली38 मिनट पहले

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भारत और इंग्लैंड के बीच हुई टेस्ट सीरीज में सिर्फ भारतीय अंपायर्स ने अंपायरिंग की। अंपायरिंग के नजरिए से यह सीरीज अच्छी भी रही और बुरी भी। बुरी इसलिए क्योंकि इस सीरीज में 65 बार अंपायर के फैसले को चुनौती दी गई। इस टेस्ट सीरीज में दूसरा सबसे ज्यादा रिव्यू का इस्तेमाल किया गया।

सीरीज अच्छी इसलिए क्योंकि इसमें से 81.54% मौकों पर टीवी अंपायर ने फील्ड अंपायर के पक्ष में फैसला सुनाया। 65 में से सिर्फ 12 मौके पर अंपायर को अपना फैसला बदलना पड़ा। यह आंकड़े 2017 के बाद से उन 26 टेस्ट सीरीज की हैं, जिनमें कम से कम 25 रिव्यू लिए गए।

नितिन मेनन के खिलाफ सबसे ज्यादा रिव्यू लिए गए
भारत-इंग्लैंड के बीच 4 टेस्ट में 65 रिव्यू में से 31 रिव्यू अकेले अंपायर नितिन मेनन के खिलाफ लिए गए। यह पिछले 4 साल में किसी भी अंपायर के खिलाफ लिया गया सबसे ज्यादा रिव्यू है।

इस टेस्ट सीरीज में दोनों टीमों के गेंदबाजों ने 46.6 के स्ट्राइक रेट से विकेट लिए। यह 4 या इससे ज्यादा टेस्ट वाले सीरीज में बेस्ट स्ट्राइक रेट है। भारतीय गेंदबाजों ने इस दौरान 42 के स्ट्राइक रेट से 80 विकेट लिए। वहीं, इंग्लैंड के गेंदबाजों ने 52.8 के स्ट्राइक रेट से 58 विकेट लिए।

इस सीरीज में स्पिनर्स ने 104 विकेट लिए। यह किसी टेस्ट सीरीज में स्पिनर्स द्वारा लिया गया तीसरा सबसे ज्यादा विकेट है। 1972-73 में भारत और इंग्लैंड के बीच हुए 5 मैच के टेस्ट सीरीज में स्पिनर्स ने 109 विकेट लिए थे। वहीं, 2016 में दोनों टीमों के बीच हुई सीरीज में स्पिनर्स ने 108 विकेट लिए थे।

भारतीय स्पिनर्स ने इस सीरीज में कुल 67 विकेट लिए। यह किसी भी 4 मैच की टेस्ट सीरीज में एक टीम द्वारा लिया गया सबसे ज्यादा विकेट है। भारत ने इसमें अपना ही 65 विकेट का रिकॉर्ड तोड़ा। यह रिकॉर्ड भारतीय टीम ने 2013 में बनाया था।

भारत और इंग्लैंड के बल्लेबाजों ने पहले 3 विकेट के लिए कुल 3 बार 50+ रन की पार्टनरशिप की। यह 220 टेस्ट सीरीज में पहले तीन विकेट के लिए हुए 40+ पार्टनरशिप में दूसरा सबसे कम है। 1955-56 में वेस्टइंडीज और न्यूजीलैंड के बीच हुई सीरीज में पहले 3 विकेट के लिए कुल तीन 50+ रन की पार्टनरशिप हुई थी। इस दौरान कुल 41 पार्टनरशिप हुई थी।

इंग्लैंड ने इस सीरीज में पर विकेट 19.83 की औसत से रन बनाए। यह उनके द्वारा बनाया गया तीसरा सबसे कम पर विकेट एवरेज स्कोर है। 1934-35 में इंग्लैंड ने वेस्टइंडीज दौरे पर विकेट 19.11 की औसत से रन बनाए थे। वहीं, 1905-06 में इंग्लैंड के बल्लेबाजों ने साउथ अफ्रीकी दौरे पर 19.1 की औसत से रन बनाए थे।

4 मैचों में भारत और इंग्लैंड की ओर से कुल 31 बार बल्लेबाज शून्य पर आउट हुए। यह किसी भी 4 मैच की टेस्ट सीरीज में सबसे ज्यादा हैं। इससे पहले यह रिकॉर्ड इंग्लैंड और पाकिस्तान के बीच 2010 में हुई सीरीज में था। इस सीरीज में कुल 29 बार बल्लेबाज शून्य पर आउट हुए थे।

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By Raj

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