मॉडल ईशा के कैंपेन पर फेमिना मिस इंडिया ने बदला नियम; न्यूनतम लंबाई 2 इंच घटाई, अब 5.3 फीट की मॉडल भी ले सकेंगी हिस्सा


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जोधपुर27 मिनट पहले

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नियमों के अनुसार फेमिना मिस इंडिया ब्यूटी पेजेंट में हिस्सा लेने के लिए न्यूनतम ऊंचाई 5.5 फीट होनी चाहिए, जबकि ईशा की हाइट 5.4 फीट ही थी।

  • केएन कॉलेज की छात्रा ने नियम बदलने को सोशल मीडिया पर छेड़ा कैंपेन, पुरजोर समर्थन से आया बदलाव
  • ईशा का कहना है- मिस इंडिया और मिस वर्ल्ड में ऐसा कोई नियम नहीं है, वहां 5.1 फीट की मॉडल भी खिताब जीत सकती हैं

शहर की केएन कॉलेज में सेकंड ईयर की छात्रा और मॉडल ईशा चौधरी जब फेमिना मिस इंडिया कांटेस्ट के लिए फॉर्म भरने लगी, तो उसमें मिनिमम हाइट के नियम देखकर उसका दिल टूट गया। नियमों के अनुसार, फेमिना मिस इंडिया ब्यूटी पेजेंट में हिस्सा लेने के लिए न्यूनतम ऊंचाई 5.5 फीट होनी चाहिए। जबकि ईशा की हाइट 5.4 फीट ही थी। लेकिन उसने हिम्मत नहीं हारी और इस नियम के खिलाफ खड़ी हुई।

सोशल मीडिया पर कैंपेन शुरू किया और उसकी इस मुहिम में मॉडलिंग की इच्छा रखने वाली देश भर से हजारों लड़कियां जुड़ीं। आखिर फेमिना को झुकना पड़ा और अब उन्होंने नियमों में बदलाव करते हुए फेमिना मिस इंडिया ब्यूटी पेजेंट में हिस्सा लेने के लिए न्यूनतम ऊंचाई की शर्त में दो इंच की कमी करते हुए इसे 5.3 कर दिया है।

ईशा ने बताया, ‘‘मैं दाे साल से इस कांटेस्ट की तैयारी कर रही थी। फेमिना मिस इंडिया 2020 के लिए जब फॉर्म भरने लगी, तो वहां न्यूनतम हाइट का नियम आड़े आ गया। क्योंकि उसकी हाइट तय मापदंड से कुछ कम थी। इतने कम मार्जन से वो प्रतियोगिता में शामिल नहीं हो पा रही थी।’’ उन्होंने जब अपने ग्रुप और दूसरी मॉडल्स से बात की तो पता चला कि इस नियम के कारण बड़ी संख्या में लड़कियां पसंदीदा करिअर नहीं बना पा रही है।

इस पर ईशा ने इस हाइट वाले नियम को चुनौती देने की ठानी। जून 2020 में हैशटैग फाइव फुट फॉर मिस इंडिया के साथ साेशल मीडिया पर कैंपेन शुरू किया। शुरुआत में 50 लड़कियां जुड़ी और बाद में राजस्थान ही नहीं, असम, महाराष्ट्र, कर्नाटक, दिल्ली की करीब 80 हजार लड़कियों का समर्थन मिला।

तर्क: हाइट से कैसे तय कर सकते हैं सुंदरता का पैमाना?

उनका कहना है कि मिस इंडिया और मिस वर्ल्ड में ऐसा कोई नियम नहीं है। वहां तो 5.1 फीट की मॉडल भी हिस्सा लेकर खिताब जीत सकती है। जो फेमिना वाले न्यूनतम ऊंचाई की शर्त के आधार पर किस तरह भारतीय लड़कियों के सपनों को पूरा करने से रोक सकते हैं। उन्होंने बताया कि भारतीय महिला की औसत ऊंचाई लगभग 5 फीट 1 इंच है तो सुंदरता को केवल ऊंचाई और त्वचा के रंग के बारे में क्यों माना जाता है?

मिस राजस्थान, एलीट मिस राजस्थान समेत कई राज्य स्तरीय पेजेंट जीत चुकी ईशा ने बताया, सुंदरता का पैमाना हाइट कैसे तय करती है। कई सारी और भी खूबियां होती हैं जिनमें मेंटल एबिलिटी, स्टाइल, विजन, प्रेजेंटेशन, रूप वगैरह शामिल हैं। ईशा ने बताया, हमने न केवल साेशल मीडिया पर कैंपन चलाया, बल्कि जनहित याचिका भी दायर की थी।

5.5 फीट से कम ऊंचाई वाली भी जीत चुकी हैं खिताब

  • 1963 में जमैका की करोल जोन क्राफर्ड ने 39 प्रतिभागियाें काे पछाड़कर मिस वर्ल्ड का खिताब जीता था। उनकी हाइट उस समय 5 फीट 3 इंच थी, जो मिस वर्ल्ड के उस समय ऊंचाई मापदंड से कम थी।
  • 1958 में मिस यूनिवर्स का खिताब जीतने वाली कोलंबिया की लुज मेरिना जुलुएगा की हाइट भी 5 फीट 3 इंच की थी।
  • 2010 में मिस अमेरिका का खिताब जीतने वाली कैरेसा केमरून की हाइट 5.4 फीट की है।



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By Raj

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