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21 दिन पहले

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दो दिन पहले बीएमसी ने एशिया के सबसे बड़े स्लम से एक अच्छी खबर शेयर की थी कि 1 अप्रैल के बाद से पहली बार 24 घंटे में धारावी में कोई कोरोना पॉजिटिव केस नहीं मिला है। अभी तक यहां 3788 कोरोना पॉजिटिव हुए हैं, जिसमें से 3464 लोगों को ठीक होने के बाद छुट्टी दे दी गई है। इस खबर के आते ही अजय देवगन एक पोस्ट के जरिए खुशी जाहिर की है। उन्होंने लिखा है कि क्रिसमस खुशी का पल लेकर आया।

बात अगर अजय की करें तो वे 7 महीने पहले धारावी के लिए मदद का हाथ बढ़ा चुके हैं। उन्होंने 200 बेड के लिए ऑक्सीजन सिलेंडर और दो पोर्टेबल वेंटिलेटर्स का खर्च उठाया था। अजय देवगन फिल्म फाउंडेशन के जरिए क्वारैंटाइन सेंटर को यह मदद मुहैया करवाई गई थी।

ऐसा है धारावी का मौजूदा हाल
2.5 वर्ग किमी क्षेत्र में फैली धारावी में 6.5 लाख से ज्यादा लोग 10X10 के छोटे-छोटे कमरों में रहते हैं। यहां पहला कोविड-19 पेशेंट 1 अप्रैल को मिला था। एक-एक टॉयलेट को 80-80 लोग साझा करते हैं। ऐसे में आस-पास के क्लब और स्कूलों को आइसोलेशन और क्वारैंटाइन सेंटर में तब्दील कर दिया। लॉकडाउन और टेस्टिंग भी प्रभावी रहे। जुलाई में विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने धारावी मॉडल की तारीफ की थी।

‘चेज द वायरस पॉलिसी’ से हुआ कोरोना वायरस पर नियंत्रण
धारावी में कोरोना को लेकर बीएमसी ने ‘चेज द वायरस पॉलिसी’ यानी वायरस का पीछा करना तकनीक का इस्तेमाल किया गया। इसके तहत 50 हजार से ज्यादा घरों में जाकर चेकिंग की गई और लगातार लोगों को आइसोलेट किया गया। इसमें बीएमसी और प्राइवेट हॉस्पिटल्स के डॉक्टर्स को लगाया गया। ज्यादातर-ज्यादातर लोगों तक पहुंचने के लिए बीएमसी ने मोबाइल वैन का इस्तेमाल किया गया।



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By Raj

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