Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

नई दिल्ली6 दिन पहले

  • कॉपी लिंक
  • इस साल यूनिकॉर्न बनने वाले स्टार्टअप्स की संख्या 50 होने का अनुमान
  • पिछले साल 58% टेक स्टार्टअप यूनिकॉर्न क्लब में शामिल हुए थे

कोविड-19 महामारी के बाद तेजी से डिजिटाइजेशन हो रहा है। लोग नई तकनीक अपना रहे हैं। इस कारण भारत का टेक स्टार्टअप इकोसिस्टम तेजी से ग्रोथ करेगा। नैस्कॉम और जिन्नोव (Zinnov) की संयुक्त रिपोर्ट में यह बात कही गई है। जिन्नोव एक ग्लोबल मैनेजमेंट एंड स्ट्रेटजी कंसलटेंसी है।

50 तक पहुंच जाएगी यूनिकॉर्न की संख्या

रिपोर्ट में कहा गया है कि 2021 में भारत में कम से कम 12 स्टार्टअप यूनिकॉर्न क्लब में शामिल हो जाएंगे। इसके साथ देश में यूनिकॉर्न की संख्या 50 तक पहुंच जाएगी। रिपोर्ट में कहा गया है कि 1 बिलियन डॉलर या इससे ज्यादा की वैल्यूएशन वाले जो स्टार्टअप IPO लाने वाले हैं, 2019 से उनकी ग्रोथ 1.5 गुना से ज्यादा रही है। 1 बिलियन डॉलर यानी करीब 73 हजार करोड़ रुपए की वैल्यूएशन वाले स्टार्टअप को यूनिकॉर्न कहा जाता है।

2020 में 12 स्टार्टअप यूनिकॉर्न क्लब से जुड़े

2020 में देश के 12 स्टार्टअप यूनिकॉर्न क्लब से जुड़े हैं। एक साल में यूनिकॉर्न क्लब से जुड़ने वाले स्टार्टअप्स की यह सबसे ज्यादा संख्या है। इसमें 58% हिस्सेदारी रोजरपे, पाइनलैब्स, जिरोधा और पोस्टमैन जैसे B2B टेक स्टार्टअप्स की है। इन टेक स्टार्टअप्स की वैल्यूएशन करीब 16 बिलियन डॉलर रही है। पेटीएम को भारत का सबसे वैल्यूएबल यूनिकॉर्न माना जाता है। इसके बाद एडटेक स्टार्टअप बायजूस का नंबर आता है।

2021 में ये स्टार्टअप IPO लाने की कतार में

नैस्कॉम का कहना है कि 2021 में फ्रैशवर्क्स, ध्रुवा, पॉलिसीबाजार और देल्हीवेरी जैसे मुनाफेवाले स्टार्टअप ने अपने शेयर लिस्टिंग की योजना बनाई है। इसके अलावा कॉस्मेटिक्स ई-टेलर नायका (Nykaa) 2021 के अंत तक या 2022 की शुरुआत में स्टॉक एक्सचेंज लिस्टिंग की योजना बना रही है। नायका की योजना 3 बिलियन डॉलर की वैल्यूएशन पर लिस्टिंग की योजना है।

फ्लिपकार्ट और जोमैटो भी IPO लाने की कतार में

दिग्गज ई-कॉमर्स कंपनी फ्लिपकार्ट और फूडटेक स्टार्टअप जोमैटो और फर्नीचर की ई-कॉमर्स कंपनी पेपरफ्राई (Pepperfry) भी इसी साल IPO लाने की योजना बना रहे हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, डीप-टेक स्टार्टअप वेंचर कैपिटल फर्म्स (VC) और फंडिंग एजेंसियों को ज्यादा आकर्षित कर रहे हैं। इसके चलते 2020 में कुल निवेश का 14% डीप-टेक स्टार्टअप्स को मिला है। 2019 में इनकी भागीदारी 11% थी।

भारतीय टेक स्टार्टअप्स के लिए पॉजिटिव रहेगा 2021

रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले साल निवेश पाने वाले 87% डीप-टेक स्टार्टअप आर्टिफिशियल इंटेलीजेंसी (AI) और मशीन लर्निंग से जुड़े थे। नैस्कॉम के प्रेसीडेंट देबजानी घोष का कहना है कि 2021 भारतीय टेक स्टार्टअप्स के लिए एक पॉजिटिव साल रहेगा। कोविड-19 के कारण एडटेक, एग्रीटेक और गेमिंग सेक्टर्स को लाभ हो रहा है। इन सेक्टर्स में फर्स्ट-टाइम फंडिंग में तेजी आ रही है।



Source link

By Raj

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *