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  • Government To Issue Guidelines To Prevent Misuse Of Data And Going It Into The Wrong Hands: Draft National E Commerce Policy

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एक घंटा पहले

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  • ई-कॉमर्स कंपनियों को यह सुनिश्चित करना होगा कि एल्गोरिदम के जरिए किसी वेंडर/सेलर के साथ भेदभाव नहीं करेंगे
  • ई-कॉमर्स पॉलिसी के मसौदे के मुताबिक ऑपरेटरों को डिस्काउंट को लेकर स्पष्ट और पारदर्शी नीति भी बनानी होंगी

सरकार हर उस इंडस्ट्री के डेवलपमेंट के लिए डेटा यूज से जुड़ी गाइडलाइन जारी करेगी, जिनके लिए पहले से दिशानिर्देश नहीं होंगे। इसके अलावा वह डेटा का दुरुपयोग रोकने और उसके गलत हाथों में जाने से रोकने के पूरे इंतजाम करेगी। इन बातों का जिक्र नेशनल ई-कॉमर्स पॉलिसी के मसौदे में है।

सरकार पर्सनल और नॉन पर्सनल डेटा के लिए नियम कानून बनाने में जुटी है

मसौदे के मुताबिक सरकार पर्सनल और नॉन पर्सनल डेटा के लिए नियम कानून बनाने में जुटी है। उसमें इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट के लिए डेटा शेयरिंग को बढ़ावा देने और इसकी व्यवस्था करने के लिए नियम बनाने का भी जिक्र है। मसौदे पर चर्चा के लिए शनिवार को DPIIT के एक उच्च अधिकारी की अध्यक्षता में अंतरमंत्रिमंडलीय बैठक हुई।

कंज्यूमर के खरीदारी का फैसला लेने लिए जरूरी हर जानकारी मुहैया करानी होगी

पॉलिसी के मसौदे के मुताबिक, ‘कंज्यूमर को हर माल और सामान के बारे में हर जानकारी पाने का हक है। जैसे- वह किस देश से आ रहा है, उसमें भारत में कितना वैल्यू एडिशन हुआ है। कंज्यूमर के खरीदारी का फैसला लेने के लिए ई-कॉमर्स कंपनी को हर जरूरी जानकारी मुहैया कराना होगा।’

ई-कॉमर्स ऑपरेटरों को डिस्काउंट को लेकर स्पष्ट और पारदर्शी नीति बनानी होगी

मसौदे के मुताबिक ई-कॉमर्स ऑपरेटरों को डिस्काउंट को लेकर स्पष्ट और पारदर्शी नीति बनानी होगी। डिस्काउंट रेट के लिए प्रॉडक्ट/सप्लायर को प्लेटफॉर्म की तरफ से होनेवाली फंडिंग के आधार के बारे में बताना होगा। वेंडर/सेलर के डिस्काउंट स्कीम में शामिल होने या नहीं होने से क्या होगा, इस बारे में भी बताना होगा।

उपभोक्ताओं और लोकल स्टार्टअप के लिए सर्विस प्रोवाइडर की संख्या बढ़ाएगी

पॉलिसी के मसौदे में कहा गया है कि सरकार भारतीय उपभोक्ताओं और लोकल स्टार्टअप के हित में कोशिश करेगी कि सर्विस प्रोवाइडर ज्यादा संख्या में हों। उसकी यह कोशिश भी होगी कि नेटवर्क इफेक्ट के चलते यानी बड़े सब्सक्राइबर बेस बड़ा होने पर कोई बाजार में दबदबे वाली डिजिटल मोनोपॉली न बने।

नकली सामान की बिक्री रोकने के लिए कंपनियों को ई-कॉमर्स साइट्स से मिलकर काम करना होगा

ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर नकली सामान की बिक्री रोकने के लिए कंपनियों को उनके साथ मिलकर काम करना होगा। कस्टमर्स को धोखाधड़ी से बचाने के लिए ईकॉमर्स साइट्स को सरकार की बताई अथॉरिटी के पास रजिस्ट्रेशन कराना जरूरी बनाया जाएगा।

पायरेसी रोकने के लिए इंडस्ट्री बॉडी बनाई जाएगी और ट्रस्टेड पार्टी तैयार की जाएंगी

पायरेसी रोकने के लिए इंडस्ट्री बॉडी बनाई जाएगी और ट्रस्टेड पार्टी तैयार की जाएंगी। उनके जरिए पायरेटेड कंटेंट रखने वाली कंपनियों की पहचान की जाएगी। उन ईकॉमर्स वेबसाइट का वेरिफिकेशन होने के बाद इंटरनेट सर्विस प्रोवाइडर तय समय के भीतर उनका एक्सेस बंद करेगी।

छोटे प्रॉडक्ट की एक्सप्रेस डिलीवरी के लिए इंडिया पोस्ट सस्ता ट्रैकिंग सॉल्यूशन बनाएगी

मसौदा प्रस्ताव के मुताबिक, एक्सपोर्ट को ई-कॉमर्स के जरिए बढ़ावा देने के मकसद से छोटे प्रॉडक्ट की एक्सप्रेस डिलीवरी के लिए इंडिया पोस्ट खास तरह का सस्ता ट्रैकिंग सॉल्यूशन बनाएगी। हर क्षेत्र के फॉरेन पोस्ट ऑफिस को डिलीवरी सेंटर बनाने के लिए उन्हें मजबूत बनाया जाएगा और उनकी संख्या बढ़ाई जाएगी।

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By Raj

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